
DigiLocker भारत सरकार द्वारा शुरू की गई Digital India योजना का एक अहम हिस्सा है। इसका उद्देश्य कागज़ी दस्तावेज़ों पर निर्भरता कम करना और सरकारी व निजी संस्थाओं के बीच डिजिटल दस्तावेज़ों का सुरक्षित और तेज़ आदान-प्रदान संभव बनाना है। पहले किसी भी दस्तावेज़ को मान्य कराने के लिए गज़ेटेड अधिकारी से प्रमाणित करवाना ज़रूरी होता था। ऐसे में यदि कागज़ात खो जाते थे, तो उन्हें दोबारा बनवाने में काफी समय और परेशानी होती थी।
इन दिक्कतों को खत्म करने के लिए सरकार ने सेल्फ-अटेस्टेशन के विकल्प के रूप में DigiLocker के जरिए डिजिटल डॉक्यूमेंट स्टोरेज और ई-साइन सुविधा शुरू की। इससे न केवल दस्तावेज़ ज्यादा सुरक्षित हुए हैं, बल्कि लोन, बैंकिंग और अन्य सरकारी-निजी सेवाओं में आवेदन की प्रक्रिया भी पहले से कहीं अधिक आसान और तेज़ हो गई है।
DigiLocker से जुड़ी कुछ महत्वपूर्ण जानकारियाँ समझना आवश्यक है। आगे हम डिजीलॉकर से संबंधित अहम बिंदुओं पर चर्चा करेंगे, जो आपको इस प्लेटफॉर्म का सही और बेहतर उपयोग करने में मदद करेंगे।
DigiLocker क्या है?
DigiLocker एक क्लाउड आधारित डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जिसकी मदद से यूज़र सरकारी विभागों द्वारा डिजिटल रूप से जारी और सत्यापित दस्तावेज़ ऑनलाइन प्राप्त कर सकते हैं। हर भारतीय नागरिक को DigiLocker अकाउंट में 1GB तक का मुफ्त स्टोरेज दिया जाता है, जिसमें वह अपने जरूरी डॉक्यूमेंट सुरक्षित रख सकता है।
एक व्यक्ति केवल एक ही डिजीलॉकर अकाउंट बना सकता है, क्योंकि अकाउंट से जुड़ी सेवाओं का लाभ लेने के लिए आधार कार्ड की जानकारी आवश्यक होती है। DigiLocker में मौजूद डॉक्यूमेंट केवल सरकारी रिपॉजिटरी के जरिए ही शेयर किए जाते हैं, जिससे यह सुनिश्चित होता है कि जो दस्तावेज़ ऑनलाइन भेजे जा रहे हैं, वे पूरी तरह असली और प्रमाणिक हैं।
इसके अलावा, डिजीलॉकर यूज़र को अपने डॉक्यूमेंट खुद अपलोड करने और ई-साइन के जरिए सेल्फ-अटेस्ट करने की सुविधा भी देता है। इन डिजिटल रूप से साइन किए गए डॉक्यूमेंट्स को आप सरकारी दफ्तरों, बैंकों और अन्य संस्थानों के साथ आसानी से शेयर कर सकते हैं।
इस तरह डिजीलॉकर कागज़ी दस्तावेज़ संभालने की परेशानी को कम करता है और ऑनलाइन डॉक्यूमेंट स्टोर व शेयर करने का आसान तरीका प्रदान करता है। इस सेवा का उपयोग आप वेबसाइट और मोबाइल ऐप दोनों के माध्यम से कर सकते हैं।
डिजिलॉकर के फायदे (DigiLocker Benefits in Hindi)
डिजीलॉकर भारत सरकार की एक डिजिटल सेवा है, जो दस्तावेज़ों को सुरक्षित रखने और इस्तेमाल करने को बेहद आसान बनाती है। इसके प्रमुख फायदे नीचे सरल भाषा में बताए गए हैं:
✅ 1. डॉक्यूमेंट हमेशा सुरक्षित रहते हैं :- डिजीलॉकर में आपके सभी जरूरी दस्तावेज़ ऑनलाइन सुरक्षित रहते हैं, जिससे उनके खोने या खराब होने का डर नहीं रहता।
✅ 2. कागज़ी डॉक्यूमेंट रखने की जरूरत नहीं:- अब हर जगह ओरिजिनल कागज़ लेकर जाने की आवश्यकता नहीं होती। डिजीलॉकर के डिजिटल डॉक्यूमेंट सरकारी तौर पर मान्य होते हैं।
✅ 3. कहीं से भी, कभी भी एक्सेस:- आप अपने दस्तावेज़ मोबाइल, लैपटॉप या कंप्यूटर से कभी भी देख और डाउनलोड कर सकते हैं।
✅ 4. सरकारी और बैंकिंग सेवाओं में मान्य :- डिजीलॉकर के डॉक्यूमेंट लोन, बैंक, नौकरी, एडमिशन और सरकारी योजनाओं में स्वीकार किए जाते हैं।
✅ 5. ई-साइन और सेल्फ-अटेस्ट की सुविधा :- यूज़र डिजीलॉकर में डॉक्यूमेंट अपलोड कर ई-साइन के जरिए खुद ही उन्हें प्रमाणित कर सकता है।
✅ 6. समय और खर्च दोनों की बचत:- दस्तावेज़ों को अटेस्ट कराने या फोटोकॉपी करवाने की जरूरत नहीं पड़ती, जिससे समय और पैसे बचते हैं।
✅ 7. पूरी तरह फ्री सेवा :- डिजीलॉकर का इस्तेमाल बिल्कुल मुफ्त है और हर यूज़र को 1GB क्लाउड स्टोरेज मिलता है।
✅ 8. पर्यावरण के लिए फायदेमंद :- पेपरलेस सिस्टम से कागज़ की खपत कम होती है, जिससे पर्यावरण को लाभ मिलता है।
✅ 9. सुरक्षित और भरोसेमंद प्लेटफॉर्म :- डिजीलॉकर सरकारी सर्वर पर चलता है और OTP व पासवर्ड जैसी सुरक्षा सुविधाओं से सुरक्षित है।
✅ 10. मोबाइल ऐप और वेबसाइट दोनों पर उपलब्ध :- आप डिजीलॉकर को वेबसाइट के साथ-साथ मोबाइल ऐप से भी आसानी से इस्तेमाल कर सकते हैं।
डिजिलॉकर के लिए रजिस्टर कैसे करें? (Step-by-Step Guide in Hindi)
डिजीलॉकर में रजिस्ट्रेशन करना बहुत आसान है। आप इसे मोबाइल या कंप्यूटर दोनों से कर सकते हैं। नीचे पूरी प्रक्रिया सरल स्टेप्स में बताई गई है: आप DigiLocker में दो तरीकों से रजिस्टर कर सकते हैं:
- मोबाइल नंबर से
- आधार कार्ड के माध्यम से
📝 DigiLocker रजिस्ट्रेशन स्टेप-बाय-स्टेप
स्टेप 1: DigiLocker की वेबसाइट या ऐप खोलें :-DigiLocker की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं या मोबाइल में DigiLocker ऐप डाउनलोड करें
स्टेप 2: Sign Up / Register पर क्लिक करें :- होमपेज पर Sign Up या Register विकल्प चुनें

स्टेप 3: मोबाइल नंबर दर्ज करें :- अपना सक्रिय मोबाइल नंबर डालें । आपके नंबर पर OTP आएगा
स्टेप 4: OTP वेरीफाई करें :- OTP डालकर मोबाइल नंबर वेरीफाई करें
स्टेप 5: आधार कार्ड लिंक करें (वैकल्पिक लेकिन उपयोगी)
- आधार नंबर डालें
- आधार से लिंक मोबाइल नंबर पर OTP आएगा
- OTP डालकर आधार वेरीफाई करें
⚠️ नोट: आधार लिंक करने से ज्यादा सरकारी डॉक्यूमेंट अपने आप DigiLocker में मिल जाते हैं।
स्टेप 6: यूज़रनेम और पासवर्ड बनाएं :- अपनी पसंद का Username चुनें और मजबूत Password सेट करें
स्टेप 7: रजिस्ट्रेशन पूरा करें :- सबमिट करते ही आपका DigiLocker अकाउंट बन जाएगा
जारी किए गए दस्तावेज़ प्राप्त करना या उन्हें डिजिलॉकर पर अपलोड करना
DigiLocker में दस्तावेज़ जोड़ने के दो आसान तरीके होते हैं। आप सरकारी विभागों द्वारा जारी किए गए दस्तावेज़ सीधे प्राप्त कर सकते हैं या फिर अपने पास मौजूद डॉक्यूमेंट खुद अपलोड भी कर सकते हैं। नीचे दोनों तरीकों को सरल भाषा में समझाया गया है।
🔹 तरीका 1: जारी किए गए दस्तावेज़ (Issued Documents) प्राप्त करना
जारी किए गए दस्तावेज़ वे होते हैं जो सरकारी विभाग सीधे DigiLocker में उपलब्ध कराते हैं, जैसे ड्राइविंग लाइसेंस, RC, मार्कशीट आदि।
Issued Documents प्राप्त करने के स्टेप्स:
- DigiLocker अकाउंट में लॉगिन करें
- Issued Documents सेक्शन खोलें
- Get Issued Documents पर क्लिक करें
- संबंधित विभाग चुनें (जैसे Transport, CBSE आदि)
- मांगी गई जानकारी भरें (जैसे DL नंबर, रोल नंबर)
- Submit करें
कुछ ही समय में आपका दस्तावेज़ DigiLocker में जुड़ जाएगा।
🔹 तरीका 2: DigiLocker पर डॉक्यूमेंट अपलोड करना
अगर कोई दस्तावेज़ जारी दस्तावेज़ों में उपलब्ध नहीं है, तो आप उसे खुद भी अपलोड कर सकते हैं।
डॉक्यूमेंट अपलोड करने के स्टेप्स:
- DigiLocker में लॉगिन करें
- Uploaded Documents विकल्प चुनें
- Upload बटन पर क्लिक करें
- डॉक्यूमेंट का प्रकार चुनें
- मोबाइल या कंप्यूटर से फाइल सेलेक्ट करें
- डॉक्यूमेंट का नाम और विवरण भरें
- Save पर क्लिक करें
अब आपका डॉक्यूमेंट DigiLocker में सुरक्षित रूप से सेव हो गया है।
📌 किन फॉर्मेट में डॉक्यूमेंट अपलोड कर सकते हैं?
- JPG
- PNG
🔐 क्यों जरूरी है Issued या Uploaded Documents का उपयोग?
- सभी डॉक्यूमेंट डिजिटल और सुरक्षित रहते हैं
- सरकारी और बैंकिंग कामों में मान्य होते हैं
- बार-बार फोटोकॉपी कराने की जरूरत नहीं
- कहीं से भी आसानी से शेयर कर सकते हैं
DigiLocker पर ड्राइविंग लाइसेंस और RC (रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट)
सरकार ने नागरिकों के लिए संबंधित DTO या जारी करने वाले प्राधिकारी से डिजीलॉकर ऐप (DigiLocker App) के माध्यम से अपना ड्राइविंग लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट (RC) प्राप्त करने का प्रावधान किया है। डिजिलॉकर में वेरिफाइड दस्तावेज़ों का उपयोग मूल ड्राइविंग लाइसेंस और RC के स्थान पर किया जा सकता है। सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000 के तहत सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने एक अधिसूचना जारी की है RT-11036/64/2017/MV कि डिजिलॉकर ऐप या mParivahan ऐप रखे गए ड्राइविंग लाइसेंस, RC या किसी अन्य दस्तावेज़ को मूल दस्तावेज़ों की तरह कानूनी रूप से मान्यता प्राप्त होगी।
आवश्यकता पड़ने पर इन दस्तावेज़ों को ऐप के माध्यम से भी शेयर किया जा सकता है। दस्तावेज़ पर मौजूद QR कोड का उपयोग दस्तावेज़ की प्रामाणिकता को जानने के लिए भी किया जा सकता है।
DigiLocker पर दस्तावेज़ जारी करने वाले विभाग और उपलब्ध दस्तावेज़ (Complete List)
| विभाग / संस्था | DigiLocker पर उपलब्ध दस्तावेज़ |
| UIDAI | आधार कार्ड (e-Aadhaar) |
| आयकर विभाग (Income Tax Department) | पैन कार्ड |
| परिवहन विभाग (Parivahan) | ड्राइविंग लाइसेंस, वाहन रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट (RC) |
| CBSE | 10वीं और 12वीं की मार्कशीट, पास सर्टिफिकेट |
| ICSE / ISC बोर्ड | कक्षा 10 और 12 के सर्टिफिकेट |
| राज्य शिक्षा बोर्ड | बोर्ड परीक्षा प्रमाण पत्र |
| न्यू इंडिया एश्योरेंस कंपनी लिमिटेड | बीमा पॉलिसी दस्तावेज़ |
| LIC (भारतीय जीवन बीमा निगम) | लाइफ इंश्योरेंस पॉलिसी |
| इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन (IOCL) | एलपीजी कनेक्शन ई-सब्सक्रिप्शन वाउचर |
| भारत पेट्रोलियम (BPCL) | एलपीजी गैस कनेक्शन वाउचर |
| हिंदुस्तान पेट्रोलियम (HPCL) | एलपीजी कनेक्शन से जुड़े दस्तावेज़ |
| e-District उत्तर प्रदेश | जन्म, आय, जाति, निवास प्रमाण पत्र |
| e-District दिल्ली | आय, जाति, विवाह प्रमाण पत्र |
| ग्रेटर चेन्नई कॉर्पोरेशन | जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र |
| नगर निगम / नगर पालिका | जन्म एवं मृत्यु प्रमाण पत्र |
| खाद्य एवं आपूर्ति विभाग, हरियाणा | डिजिटल राशन कार्ड |
| खाद्य, सार्वजनिक वितरण विभाग (PDS), झारखंड | पीडीएस प्रमाण पत्र |
| EPFO | UAN कार्ड, PF पासबुक |
| भविष्य निधि निदेशालय (GPF), रांची | सरकारी कर्मचारियों का GPF स्टेटमेंट |
| NIELIT (नई दिल्ली) | NDLM / डिजिटल साक्षरता प्रमाण पत्र |
| कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय | ITI और स्किल ट्रेनिंग सर्टिफिकेट |
| National Skill Development Corporation (NSDC) | स्किल कोर्स सर्टिफिकेट |
| National e-Governance Division (NeGD) | ट्रेनिंग सर्टिफिकेट |
| सैनिक कल्याण विभाग (भारत सरकार) | डिपेंडेंसी / आश्रित प्रमाण पत्र |
| पासपोर्ट सेवा | पासपोर्ट से जुड़े दस्तावेज़ |
| राज्य पुलिस विभाग | पुलिस वेरिफिकेशन सर्टिफिकेट |
| चुनाव आयोग | डिजिटल वोटर आईडी (जहाँ उपलब्ध) |
| स्वास्थ्य विभाग | वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट |
| श्रम विभाग | श्रमिक कार्ड / लेबर सर्टिफिकेट |
निष्कर्ष (Conclusion)
DigiLocker भारत सरकार की एक भरोसेमंद और उपयोगी डिजिटल सेवा है, जो नागरिकों को अपने महत्वपूर्ण दस्तावेज़ जैसे आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, RC, मार्कशीट आदि को सुरक्षित, डिजिटल और कानूनी रूप से वैध रूप में रखने की सुविधा देती है। इसके माध्यम से न केवल दस्तावेज़ों के खोने या खराब होने की चिंता खत्म होती है, बल्कि सरकारी और गैर-सरकारी कार्य भी पहले से कहीं अधिक आसान और तेज़ हो जाते हैं।
DigiLocker का उपयोग करके आप Paperless India और Digital India अभियान में भी अपना योगदान दे सकते हैं। यह प्लेटफॉर्म पूरी तरह मुफ्त, सुरक्षित और उपयोग में आसान है, इसलिए हर नागरिक को DigiLocker का उपयोग अवश्य करना चाहिए।
DigiLocker FAQ: अकाउंट, लॉगिन, दस्तावेज़ और सुरक्षा
Q1. DigiLocker कितना सुरक्षित है?
Answer: DigiLocker में 256-bit SSL एन्क्रिप्शन और सरकारी सुरक्षा मानकों का उपयोग किया जाता है, जिससे आपका डेटा पूरी तरह सुरक्षित रहता है।
Q2. क्या बिना इंटरनेट DigiLocker चल सकता है?
Answer: नहीं, DigiLocker का उपयोग करने के लिए इंटरनेट कनेक्शन आवश्यक है।
Q3. क्या ट्रैफिक पुलिस DigiLocker दिखाने पर मान लेती है?
Answer: हाँ, ट्रैफिक पुलिस DigiLocker में दिखाए गए DL और RC को वैध मानती है।
Q4. क्या DigiLocker में रखा दस्तावेज़ वैध (Valid) होता है?
Answer: हाँ, DigiLocker में जारी किए गए डिजिटल दस्तावेज़ कानूनी रूप से वैध होते हैं और मूल दस्तावेज़ के बराबर माने जाते हैं।
Q5. DigiLocker में दस्तावेज़ डिलीट कैसे करें?
Answer: Uploaded Documents को डिलीट किया जा सकता है लेकिन Issued Documents को डिलीट नहीं किया जा सकता


